पुलिस हिरासत से फरार हुआ निलंबित पटवारी, एएसआई व आरक्षक निलंबित
अस्पताल में बीमारी का बहाना बनाकर शौचालय गया, पुलिस को चकमा देकर अलसुबह भागा; तलाश में जुटीं पुलिस टीमें

सिंगरौली। शासकीय भूमि में हेराफेरी और कूटरचना के मामले में गिरफ्तार निलंबित पटवारी राजेश नामदेव शुक्रवार की अलसुबह जिला चिकित्सालय सह ट्रामा सेंटर बैढ़न से पुलिस हिरासत में फरार हो गया। आरोपी के फरार होने की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। उसकी तलाश के लिए कोतवाली बैढ़न और मोरवा पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। मामले में लापरवाही बरतने पर पुलिस अधीक्षक सियाज केएम ने ड्यूटी पर तैनात एएसआई गुलाब प्रसाद बहरोलिया और आरक्षक श्याम सुंदर सिंह को निलंबित कर लाइन अटैच कर दिया है।
जानकारी के अनुसार मोरवा थाना क्षेत्र के कतरिहार गांव की शासकीय भूमि आराजी खसरा नंबर 356 में हेराफेरी और कूटरचना कर खसरा नंबर 356/4, रकबा 4.470 हेक्टेयर भूमि को कथित रूप से फर्जी तरीके से गोन्ही बेवा बैजनाथ भूर्तिया के नाम दर्ज किया गया था। जांच के बाद वर्ष 2015 में तत्कालीन पटवारी राजेश नामदेव के विरुद्ध मोरवा थाने में भादवि की धारा 419, 420, 467, 468 और 471 के तहत मामला दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराएं 13(1) और 13(2) भी जोड़ी गई थीं।
अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद हुई गिरफ्तारी
मामला दर्ज होने के बाद आरोपी ने न्यायालय की शरण ली थी। उच्च न्यायालय से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद पुलिस ने गुरुवार को उसे गिरफ्तार किया। न्यायालय में पेश करने से पहले मेडिकल परीक्षण के दौरान आरोपी ने तबीयत खराब होने की बात कही, जिसके बाद उसे जिला अस्पताल बैढ़न ले जाया गया।
शौचालय जाने के बहाने हुआ फरार
अस्पताल में रातभर पुलिस निगरानी में रहने के दौरान शुक्रवार की अलसुबह राजेश नामदेव ने शौचालय जाने की बात कही। शौचालय पहुंचने के बाद वह पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने आसपास के क्षेत्रों में तलाश शुरू कर दी, लेकिन खबर लिखे जाने तक उसका कोई सुराग नहीं मिल सका था।
फरारी पर नया अपराध दर्ज
पुलिस हिरासत से फरार होने के मामले में राजेश नामदेव के विरुद्ध कोतवाली बैढ़न में बीएनएस की धारा 262 के तहत नया प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस की टीमें उसके संभावित ठिकानों और संपर्कों की जानकारी जुटाते हुए तलाश में लगी हैं।
निगरानी में चूक पर दो पुलिसकर्मी निलंबित
आरोपी को न्यायालय में पेश करने के लिए मोरवा थाने से एएसआई गुलाब प्रसाद बहरोलिया और आरक्षक श्याम सुंदर सिंह की ड्यूटी लगाई गई थी। अस्पताल में उपचार के दौरान भी दोनों पुलिसकर्मी आरोपी की निगरानी में तैनात थे। इसी दौरान उसके फरार होने को गंभीर लापरवाही मानते हुए पुलिस अधीक्षक सियाज केएम ने दोनों को तत्काल निलंबित कर लाइन अटैच कर दिया।
पुलिस अधीक्षक सियाज केएम ने बताया कि आरोपी को न्यायालय में पेश करने के लिए पुलिस लाई थी, लेकिन वह शुक्रवार सुबह पुलिस को झांसा देकर फरार हो गया। उसकी तलाश जारी है। मामले में ड्यूटी पर तैनात एएसआई और आरक्षक को निलंबित कर दिया गया है।











