तिब्बत में विशाल झील टूटी, नेपाल में बाढ़ का खतरा बढ़ा
त्रिशूली नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने की आशंका, नदी किनारे बसे गांव खाली कराने का अलर्ट

काठमांडू। प्राकृतिक आपदाओं से जूझ रहे नेपाल के सामने एक और गंभीर संकट खड़ा हो गया है। पड़ोसी देश चीन के तिब्बत क्षेत्र में स्थित एक विशाल अवरोधक झील के अचानक टूटने की सूचना सामने आई है। इसके बाद भारी मात्रा में पानी नेपाल की ओर बढ़ने की आशंका जताई गई है। संभावित खतरे को देखते हुए नेपाल पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने नदी बेसिन के आसपास हाई अलर्ट जारी कर दिया है। नदी किनारे रहने वाले लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर जाने की चेतावनी दी गई है।
चीनी प्रशासन ने दी झील टूटने की सूचना
रसुवा जिले के मुख्य जिला अधिकारी नरेंद्र परियार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि तिब्बत क्षेत्र में झील टूटने की सूचना चीनी प्रशासन की ओर से नेपाल को दी गई है। सूचना मिलते ही नेपाली प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गईं। राहत एवं बचाव दलों को सतर्क रहने के साथ ही स्थानीय लोगों को खतरे की जानकारी देने और सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।
त्रिशूली नदी में बढ़ सकता है जलस्तर
बताया गया है कि यह अवरोधक झील चीन की सीमा में चोचेन खोला और पुरेपु त्सांगपो नदियों के संगम क्षेत्र में बनी थी। दोनों नदियां आगे चलकर नेपाल की त्रिशूली नदी प्रणाली से जुड़ती हैं। झील टूटने के बाद पानी का तेज बहाव त्रिशूली नदी की ओर बढ़ने की आशंका है। इससे नदी का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है और तटीय क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा पैदा हो सकता है।
खतरे को देखते हुए नदी किनारे बसे गांवों और बस्तियों को खाली कराने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों से बचते हुए सुरक्षा निर्देशों का पालन करने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है।











