पैदल सेना के शौर्य, बलिदान और अदम्य भावना को नमन करते हुए भारतीय सेना ने 80वाँ इन्फैंट्री दिवस मनाया

मनोज शर्मा/चंडीगढ़ : 27 अक्टूबर 2026 पश्चिमी कमान, भारतीय सेना द्वारा 80वाँ इन्फैंट्री दिवस मनाया गया। यह दिवस पैदल सेना के जवानों के शौर्य, बलिदान और राष्ट्र के प्रति उनकी अटूट सेवा भावना को सम्मानित करने का अवसर है। यह ऐतिहासिक दिवस 27 अक्टूबर 1947 को प्रथम बटालियन, सिख रेजिमेंट को हवाई मार्ग से श्रीनगर पहुंचाए जाने की स्मृति में मनाया जाता है। यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा तथा राष्ट्र की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा की दिशा में एक निर्णायक कदम थी।
इस अवसर पर पश्चिमी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ, लेफ्टिनेंट जनरल पुष्पेंद्र सिंह, AVSM, SM**, ने चंडीमंदिर सैन्य स्टेशन स्थित वीर स्मृति पर पुष्पचक्र अर्पित कर राष्ट्र की सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर पैदल सैनिकों को श्रद्धांजलि दी।
पश्चिमी कमान की पैदल सेना की टुकड़ियाँ विभिन्न परिचालन दायित्वों में निरंतर अपनी विशिष्ट भूमिका निभा रही हैं। संवेदनशील सीमाओं की सुरक्षा, आतंकवाद-रोधी अभियानों तथा मानवीय सहायता और आपदा राहत कार्यों में उनकी सक्रिय भागीदारी भारतीय सेना की परिचालन क्षमता को सुदृढ़ करती है। उनका व्यावसायिक कौशल, धैर्य, दृढ़ संकल्प और युद्ध कौशल भारतीय सेना की प्रभावशीलता के प्रमुख आधार हैं।

लेफ्टिनेंट जनरल पुष्पेंद्र सिंह ने पैदल सेना के सभी अधिकारियों एवं जवानों के साहस,कर्तव्यनिष्ठा और व्यावसायिक उत्कृष्टता की सराहना की। उन्होंने सभी रैंकों से वीर बलिदानियों की गौरवशाली विरासत से प्रेरणा लेने तथा राष्ट्र की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और सम्मान की रक्षा के लिए सदैव अडिग रहने का आह्वान किया।













