कोल जनजाति के हितग्राहियों को मत्स्य पालन के लिए मिलेगी 20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता
सिंगरौली जिले के 7 हितग्राहियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य, नाव एवं जाल क्रय करने के लिए मिलेगा अनुदान
सिंगरौली। कोल जनजाति के हितग्राहियों को स्वरोजगार से जोड़ने तथा उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करने के उद्देश्य से मत्स्य पालन गतिविधि के अंतर्गत आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। कार्यालय सहायक संचालक मत्स्योद्योग, जिला सिंगरौली द्वारा कोल जनजाति विकास अभिकरण के सहयोग से पात्र हितग्राहियों को नाव एवं जाल क्रय करने के लिए कुल 20 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा। चालू वित्तीय वर्ष में जिले के 7 पात्र हितग्राहियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
सहायक संचालक मत्स्योद्योग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, योजना के तहत तालाबों एवं जलाशयों का 10 वर्षीय पट्टा प्राप्त कोल जनजाति के पात्र हितग्राहियों को प्रति हेक्टेयर के मान से आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। इसमें नाव क्रय करने के लिए 10 हजार रुपये तथा जाल क्रय करने के लिए 10 हजार रुपये, इस प्रकार कुल 20 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा।
15 दिवस के भीतर करें आवेदन
योजना का लाभ प्राप्त करने के इच्छुक पात्र हितग्राही विज्ञप्ति जारी होने की तिथि से 15 दिवस के भीतर अपना आवेदन कार्यालय सहायक संचालक मत्स्योद्योग, कक्ष क्रमांक 48, प्रथम तल, कलेक्ट्रेट भवन, वैढ़न, जिला सिंगरौली में जमा कर सकते हैं। योजना का लाभ केवल उन्हीं पात्र हितग्राहियों को मिलेगा, जिन्हें तालाब अथवा जलाशय का 10 वर्षीय पट्टा आवंटित किया गया है।
आवेदन के साथ संलग्न करने होंगे आवश्यक दस्तावेज
आवेदन पत्र के साथ जाति प्रमाण पत्र, वार्षिक आय प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, समग्र आईडी, उपलब्ध होने पर गरीबी रेखा का राशन कार्ड, बैंक पासबुक की छायाप्रति, भूमि संबंधी प्रमाण पत्र तथा पट्टा आदेश अथवा पट्टाधारक समिति का सदस्य होने संबंधी प्रमाण पत्र संलग्न करना अनिवार्य है। योजना के संबंध में अधिक जानकारी प्राप्त करने अथवा किसी प्रकार की शंका के समाधान के लिए इच्छुक हितग्राही कार्यालय सहायक संचालक मत्स्योद्योग, जिला सिंगरौली में किसी भी कार्यदिवस में संपर्क कर सकते हैं।











