एनसीएल भर्ती परीक्षा का परिणाम घोषित करने की मांग, 15 नवंबर को आंदोलन की चेतावनी

सिंगरौली। नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) में एचईएमएम ऑपरेटर (ट्रेनी), पैरामेडिकल स्टाफ और ओवरसीयर (सिविल) पदों पर भर्ती के लिए आयोजित कंप्यूटर आधारित परीक्षा (सीबीटी) का अंतिम परिणाम घोषित करने की मांग तेज हो गई है। राष्ट्रीय कोलियरी श्रमिक संघ, केंद्रीय समिति सिंगरौली ने भर्ती प्रक्रिया में हो रही देरी पर नाराजगी जताते हुए एनसीएल प्रबंधन को ज्ञापन सौंपा है। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि 14 दिनों के भीतर मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो 15 नवंबर 2026 को एनसीएल मुख्यालय में लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण आंदोलन किया जाएगा।
संघ के महामंत्री लाल पुष्पराज सिंह ने 31 अक्टूबर 2026 को निदेशक (मानव संसाधन), एनसीएल को ज्ञापन सौंपकर अभ्यर्थियों की समस्याओं से अवगत कराया। ज्ञापन में बताया गया है कि भर्ती परीक्षा संपन्न हुए 3 महीने से अधिक समय बीत चुका है और उत्तर कुंजी भी जारी हो चुकी है, लेकिन अब तक अंतिम परिणाम घोषित नहीं किया गया है। इससे हजारों अभ्यर्थियों के बीच असमंजस और निराशा की स्थिति बनी हुई है।
संघ का कहना है कि कई अभ्यर्थियों का अन्य कंपनियों में चयन हो चुका है, लेकिन वे एनसीएल की भर्ती प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रहे हैं। परिणाम में देरी के कारण उन्हें अपने भविष्य और करियर को लेकर निर्णय लेने में परेशानी हो रही है।
संघ ने मांग की है कि भर्ती प्रक्रिया को अनावश्यक रूप से लंबित न रखते हुए जल्द अंतिम परिणाम घोषित किया जाए। साथ ही ज्ञापन में कहा गया है कि पूरी भर्ती परीक्षा किसी भी स्थिति में निरस्त नहीं की जानी चाहिए। यदि जांच में किसी अभ्यर्थी द्वारा अनुचित साधनों के इस्तेमाल की पुष्टि होती है तो नियमानुसार केवल संबंधित अभ्यर्थी के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। किसी एक की कथित अनियमितता के कारण हजारों निर्दोष अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित नहीं होना चाहिए।
संघ ने कहा कि एनसीएल में योग्य और कुशल मानव संसाधन की आवश्यकता को देखते हुए भर्ती प्रक्रिया समय पर पूरी करना कंपनी के हित में भी जरूरी है। अब प्रबंधन की कार्रवाई पर अभ्यर्थियों की निगाहें टिकी हैं।













