चाइनीज मांझे पर सख्ती: मौत होने पर दर्ज होगा हत्या का मामला

लखनऊ। चाइनीज मांझे से हो रही दुर्घटनाओं और मौतों को गंभीरता से लेते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा है कि चाइनीज मांझे के कारण होने वाली किसी भी मौत को अब हत्या की श्रेणी में दर्ज किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में चाइनीज मांझे की अवैध बिक्री, भंडारण और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को विशेष अभियान चलाकर छापेमारी करने तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के आदेश दिए हैं।
अभियान की होगी नियमित निगरानी
सीएम योगी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रतिबंध अभियान की लगातार निगरानी और समीक्षा की जाए, ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। सरकार का उद्देश्य आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करना और जानलेवा चाइनीज मांझे पर पूरी तरह रोक लगाना है।
मध्य प्रदेश में भी बढ़ रही घटनाएं
मध्य प्रदेश में भी चाइनीज मांझे से दुर्घटनाओं और मौतों के मामले सामने आते रहे हैं। हालांकि, प्रतिबंध से जुड़े आदेश जारी होने के बावजूद कई जगहों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो पा रही है। खासकर मकर संक्रांति के दौरान मांझे से लोगों के घायल होने और गर्दन कटने जैसी घटनाएं सामने आती हैं।
पहले भी जारी हो चुके हैं प्रतिबंध आदेश
नायलॉन और चाइनीज मांझे पर रोक लगाने के लिए सितंबर 2016 में नगरीय विकास एवं पर्यावरण विभाग ने आदेश जारी किए थे। इसके बाद राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की राष्ट्रीय पीठ ने जुलाई 2017 में भी इस पर प्रतिबंध लगाया था।
राजपत्र में भी प्रकाशित हुई अधिसूचना
फरवरी 2024 में पर्यावरण विभाग ने प्रतिबंध संबंधी अधिसूचना राजपत्र में प्रकाशित की थी। पुलिस मुख्यालय द्वारा भी कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए थे। इसके बावजूद कई स्थानों पर प्रतिबंध का प्रभावी पालन नहीं हो सका। अधिकारियों की जिम्मेदारी तय होने के बावजूद कुछ विभागों की निष्क्रियता के कारण अवैध निर्माण और उपयोग पर पूरी तरह रोक नहीं लग पाई है।













