विश्व पर्यावरण दिवस पर नगर निगम परिषद की विशेष बैठक, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के क्रियान्वयन पर बनी रणनीति

सिंगरौली। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर नगर पालिक निगम सिंगरौली में विशेष परिषद बैठक आयोजित की गई, जिसमें शहर को स्वच्छ, हरित और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के लिए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन की रणनीति तैयार की गई। बैठक में कचरा प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण, जल स्रोतों के पुनरुद्धार और शहर की मूलभूत सुविधाओं के विकास से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
नगर निगम परिषद सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता नगर निगम अध्यक्ष देवेश पाण्डेय ने की। बैठक में विधायक रामनिवास शाह, महापौर रानी अग्रवाल, मेयर-इन-काउंसिल सदस्य खुर्शीद आलम, शत्रुघ्न लाल शाह, श्यामला, रुक्मणी देवी, नगर निगम आयुक्त सविता प्रधान तथा सांसद प्रतिनिधि संतोष वर्मा सहित जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का शुभारंभ राष्ट्रगान के साथ किया गया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य संचालनालय नगरीय प्रशासन एवं विकास, भोपाल के निर्देशानुसार ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए कार्ययोजना तैयार करना था। चर्चा के दौरान बताया गया कि नए नियमों के तहत शहर में कचरा प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक व्यवस्थित एवं आधुनिक बनाया जाएगा। इसके अंतर्गत प्रत्येक घर, प्रतिष्ठान और संस्थान में गीले, सूखे एवं हानिकारक कचरे का पृथक्करण अनिवार्य किया जाएगा। नियमों का पालन नहीं करने वालों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई भी की जाएगी।
बैठक में निर्णय लिया गया कि अभियान को जन-आंदोलन का स्वरूप देने के लिए प्रत्येक वार्ड में पार्षदों के नेतृत्व में स्वच्छता समितियों का गठन किया जाएगा। ये समितियां नागरिकों को स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण तथा सिंगल-यूज प्लास्टिक के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध के प्रति जागरूक करेंगी।
पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए शहर के पारंपरिक जल स्रोतों और तालाबों के संरक्षण एवं पुनरुद्धार पर भी विशेष जोर दिया गया। आगामी वर्षा ऋतु से पूर्व प्रमुख नालों की वैज्ञानिक पद्धति से सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि जलभराव और जल निकासी संबंधी समस्याओं से बचा जा सके।
बैठक में ड्रेनेज सिस्टम को सुदृढ़ करने, शहर में हरित क्षेत्र (ग्रीन बेल्ट) का विस्तार करने, कचरा प्रसंस्करण संयंत्रों की कार्यक्षमता बढ़ाने तथा नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए भी विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों ने शहर के सतत विकास के लिए पर्यावरणीय संतुलन और स्वच्छता को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर बल दिया।
अपने संबोधन में नगर निगम अध्यक्ष देवेश पाण्डेय ने कहा कि सिंगरौली को केवल देश की ऊर्जाधानी के रूप में ही नहीं, बल्कि स्वच्छ, सुंदर और पर्यावरण-अनुकूल आदर्श शहर के रूप में स्थापित करना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी पार्षदों और नागरिकों से स्वच्छता अभियान को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग की अपील की।
बैठक में नेता प्रतिपक्ष सीमा जायसवाल सहित परिषद के अनेक पार्षदों, नगर निगम के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ सिंगरौली के निर्माण के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने का संकल्प लिया।













