सरई में ग्रामीणों ने पकड़ा मवेशी तस्करों का ट्रक, 18 भैंस, 1 गाय व बछड़ा मुक्त
पुलिस ने छह आरोपियों पर दर्ज किया मामला

सिंगरौली। जिले के सरई क्षेत्र में लंबे समय से चल रही मवेशी तस्करी के खिलाफ ग्रामीणों और युवाओं ने मंगलवार तड़के बड़ी कार्रवाई करते हुए एक ट्रक पकड़ लिया। पुलिस ने मौके से 18 भैंस, एक गाय और एक बछड़ा बरामद कर छह आरोपियों के विरुद्ध विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है।
ग्राम गन्नई निवासी 63 वर्षीय जगदीश वैश्य पिता केमला प्रसाद वैश्य ने बताया कि उनकी भैंस करीब एक माह पूर्व चोरी हो गई थी। 3 मार्च 2026 की रात लगभग 3 बजे सूचना मिली कि ट्रक क्रमांक यूपी70एचटी2622 (ट्रक 709) में मवेशी भरकर सरई से देवसर की ओर ले जाए जा रहे हैं।सूचना पर जगदीश वैश्य अपने साथ विकाश श्रीवास, अरविन्द उपाध्याय, सोमचन्द जायसवाल, अमन गुप्ता, अशोक जायसवाल, राजेश जायसवाल, विनय गुप्ता, निखिल तिवारी, अंकित गुप्ता सहित अन्य ग्रामीणों को लेकर सरई पेट्रोल पंप के पास पहुंचे। ट्रक न रुकने पर ग्रामीणों ने गन्नई क्षेत्र में उसे रुकवाया।
पुलिस पूछताछ में ट्रक चालक ने अपना नाम अफरोज खान पिता इस्लाम खान, निवासी देवसर बताया। उसके साथ मौजूद अन्य आरोपियों की पहचान राजू खान पिता अब्दुल सलीम, निवासी गोराई, थाना बहरी, सद्दाम हुसैन पिता अब्दुल गफ्फार, निवासी देवसर, सलमान खान पिता इस्लाम खान, निवासी ग्राम शिवगढ़, थाना हनुमना के रूप में हुयी है। इसी दौरान एक काले रंग की मेग्नेट कार (क्रमांक जेएच01आई1213) मौके पर पहुंची, जिसमें आगे-पीछे ‘प्रेस लिखा था। उसमें सवार साउद खान निवासी लंघाडोल, खुद्दश निवासी लंघाडोल बताए गए हैं। आरोप है कि कार सवार लोग ट्रक चालक अफरोज खान और सलमान खान को बैठाकर भागने का प्रयास कर रहे थे। ग्रामीणों द्वारा पीछा करने पर फायरिंग जैसी आवाजें सुनाई दीं। बाद में स्थानीय लोगों की मदद से दो व्यक्तियों को पकड़ लिया गया।

क्रूरता से बंधे मिले मवेशी
ट्रक की जांच करने पर उसमें 18 भैंस, 1 गाय और 1 बछड़ा रस्सियों से क्रूरता पूर्वक बांधकर भरे मिले। जानवर हिल-डुल नहीं पा रहे थे और उनके लिए खाने-पीने की कोई व्यवस्था नहीं थी। बरामद मवेशियों को मुक्त कर सुरक्षित स्थान पर भेजा गया।सरई थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह भदौरिया ने बताया कि आरोपियों के पास मवेशियों के परिवहन से संबंधित कोई वैध दस्तावेज नहीं थे। पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध—म.प्र. पशु क्रूरता अधिनियम की धारा 11,गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम 2004 की धारा 6/9(2),म.प्र. कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम की धारा 10, 11, के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में मवेशी तस्करी की समस्या लंबे समय से बनी हुई है और वे आगे भी ऐसे प्रयास जारी रखेंगे ताकि इस अवैध गतिविधि पर पूर्ण रोक लगाई जा सके। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।











