बोर्ड परीक्षा के बीच अंधेरा: छह दिनों से बिजली गुल, छात्रों का भविष्य दांव पर

सिंगरौली। बोर्ड परीक्षाओं के संवेदनशील दौर में जहां छात्रों को शांत माहौल और पर्याप्त सुविधाओं की आवश्यकता होती है, वहीं देवसर ब्लॉक के मटिया गांव में पिछले छह दिनों से जारी बिजली कटौती ने विद्यार्थियों की पढ़ाई पर गंभीर असर डाला है। देऊरा सब स्टेशन से होने वाली अनियमित बिजली आपूर्ति के कारण गांव के छात्र-छात्राएं अंधेरे में परीक्षा की तैयारी करने को मजबूर हैं।स्थानीय लोगों के अनुसार मटिया गांव में तीन उपभोक्ताओं द्वारा बिजली बिल जमा न किए जाने के कारण दो ट्रांसफार्मरों की बिजली काट दी गई। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि इनमें से एक ट्रांसफार्मर का बिल जमा होने के बावजूद उसकी भी बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई है। इससे पूरे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है।ग्रामीणों का आरोप है कि बोर्ड परीक्षा के समय इस तरह की लापरवाही छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। कई छात्र-छात्राएं रात में पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं, जिससे उनकी परीक्षा की तैयारी प्रभावित हो रही है।इस संबंध में देवसर के जूनियर इंजीनियर (जेई) से जब बात की गई तो उन्होंने कहा कि उन्हें बिजली बंद होने की जानकारी नहीं थी और यह जानकारी मीडिया के माध्यम से मिली है। उन्होंने लाइनमैन को निर्देश देकर जल्द ही बिजली आपूर्ति बहाल कराने की बात कही थी, लेकिन 24 घंटे बीत जाने के बाद भी गांव में बिजली चालू नहीं हो सकी।ऐसे में सवाल उठता है कि जब बोर्ड परीक्षा जैसे महत्वपूर्ण समय में भी बिजली व्यवस्था को लेकर इतनी उदासीनता बरती जा रही है, तो आम दिनों में हालात कैसे होंगे। यदि जल्द ही बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हुई तो यह मामला तूल पकड़ सकता है और विपक्षी दल भी इसे मुद्दा बना सकते हैं। प्रशासन और बिजली विभाग को चाहिए कि छात्रों के हित को प्राथमिकता देते हुए तत्काल समस्या का समाधान सुनिश्चित करें, ताकि परीक्षार्थियों की तैयारी प्रभावित न हो।












