दुग्ध समृद्धि अभियान से गांव होंगे आत्मनिर्भर, आधुनिक पशुपालन से बढ़ेगी किसानों की आय : सांसद डॉ. राजेश मिश्रा
दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान के तहत रामपुर और पड़री में किसानों-पशुपालकों से किया संवाद, गौ संरक्षण एवं वैज्ञानिक पशुपालन पर दिया जोर

सीधी : ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने, दुग्ध उत्पादन बढ़ाने तथा आधुनिक पशुपालन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से शनिवार को ग्राम पंचायत रामपुर एवं ग्राम पड़री में दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान का आयोजन सांसद डॉ. राजेश मिश्रा के मुख्य आतिथ्य में किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसानों, पशुपालकों एवं ग्रामीणों ने सहभागिता की।
सांसद डॉ. राजेश मिश्रा ने ग्राम पंचायत रामपुर में गौ पूजन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में गौवंश का विशेष महत्व है और गौ आधारित कृषि एवं पशुपालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने गौ संरक्षण, गौ आधारित घरेलू उपयोग, जैविक खेती तथा गोबर से बायोगैस निर्माण की उपयोगिता पर विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि इन उपायों को अपनाकर गांव ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने के साथ अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए आधुनिक तकनीकों को अपनाना समय की आवश्यकता है। सरकार की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से पशुपालकों को उन्नत नस्ल, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं एवं वैज्ञानिक तकनीकों का लाभ उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिल रही है।
कार्यक्रम के दौरान सांसद डॉ. मिश्रा ग्राम पड़री में पशुपालक छोटेलाल जायसवाल के निवास भी पहुंचे, जहां उन्होंने पशुधन का अवलोकन किया। इस दौरान उन्हें बताया गया कि उनके यहां के बछड़े आर्टिफिशियल इन्सेमिनेशन (एआई) तकनीक के माध्यम से प्राप्त हुए हैं। सांसद ने इसे आधुनिक पशुपालन का उत्कृष्ट उदाहरण बताते हुए कहा कि कृत्रिम गर्भाधान तकनीक से पशुधन की गुणवत्ता में सुधार, दुग्ध उत्पादन में वृद्धि तथा पशुपालकों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण सफलता मिल रही है। उन्होंने अधिक से अधिक पशुपालकों से इस तकनीक का लाभ लेने का आग्रह किया।
सांसद ने कहा कि दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान केवल जागरूकता कार्यक्रम नहीं, बल्कि ग्रामीणों को आत्मनिर्भर बनाने का जनआंदोलन है। इससे पशुपालन को लाभकारी व्यवसाय के रूप में विकसित करने, जैविक संसाधनों के बेहतर उपयोग तथा ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
कार्यक्रम में ग्राम पंचायत रामपुर की सरपंच श्यामकली कोल, ग्राम पड़री की सरपंच निर्मला सिंह, उपसंचालक पशुपालन विभाग डॉ. आर.के. सोनी, डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी, केके तिवारी, हरिकेश साकेत, श्याम सुंदर सिंह, डॉ. विक्रम सिंह, भगवानदास मिश्रा, दिनेश जायसवाल, उमेश सोनी, पशुपालक एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।













