संस्कार वैली इंटरनेशनल स्कूल में पुरानी किताबों से पढ़ाई और पाठ्यक्रम अधूरा, प्रबंधन पर ₹1 लाख जुर्माना
बड़े नेताओं की मौजूदगी से सोशल मीडिया पर विद्यालय प्रबंधन ने खूब बटोरी सुर्खियां

सिंगरौली। बड़े-बड़े नेताओं और जनप्रतिनिधियों को कार्यक्रमों में बुलाकर सोशल मीडिया पर सुर्खियां बटोरने वाले संस्कार वैली इंटरनेशनल स्कूल, घूरीताल (वैढ़न) की शैक्षणिक व्यवस्था की जांच में तस्वीर कुछ और ही सामने आई। कलेक्टर गौरव बैनल के निर्देश पर हुई जांच में स्कूल में निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार पढ़ाई नहीं कराने, पुरानी पुस्तकों से अध्यापन कराने और कक्षाओं का पाठ्यक्रम समय पर पूरा नहीं करने सहित कई अनियमितताएं सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने विद्यालय प्रबंधन पर एक लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है।
शिकायतकर्ता छत्रपाल कुशवाहा की शिकायत की जांच में पाया गया कि विद्यालय द्वारा राज्य शिक्षा केन्द्र भोपाल के निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुरूप अध्ययन-अध्यापन नहीं कराया जा रहा था। कक्षा 5वीं और 8वीं का पाठ्यक्रम समय पर पूरा नहीं कराया गया तथा विद्यार्थियों को पुरानी पुस्तकों से पढ़ाया गया। जांच में माना गया कि इन व्यवस्थागत खामियों का विद्यार्थियों के परीक्षा परिणाम पर भी असर पड़ा। इसे शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 29 के प्रावधानों का उल्लंघन पाया गया।
जांच में स्कूल की संबद्धता को लेकर भी गंभीर अनियमितता सामने आई। माध्यमिक शिक्षा मंडल की संबद्धता शुल्क जमा नहीं होने के बावजूद कक्षा 9वीं से 12वीं तक विद्यार्थियों को प्रवेश दिया गया। वहीं कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों को अन्य संस्था से परीक्षा में शामिल कराया गया।
जिला पंचायत सिंगरौली में आयोजित सुनवाई के दौरान विद्यालय संचालक एवं प्रधानाध्यापक आवश्यक शैक्षणिक अभिलेख, दैनिक दैनंदिनी और संबद्धता संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। जांच में शिकायत में लगाए गए आरोप प्रमाणित पाए गए।
विद्यालय की ओर से समय-समय पर बड़े नेताओं और जनप्रतिनिधियों को कार्यक्रमों में आमंत्रित कर उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर प्रमुखता से प्रचारित किए जाने की चर्चा रही है। लेकिन प्रशासनिक जांच में सामने आई अनियमितताओं ने स्कूल की प्रचारित छवि और वास्तविक शैक्षणिक व्यवस्था के बीच अंतर को सामने ला दिया है।
जिला शिक्षा केन्द्र के आदेश के अनुसार विद्यालय प्रबंधन को 7 दिवस के भीतर एक लाख रुपये का अर्थदंड जिला रेडक्रॉस के भारतीय स्टेट बैंक, विंध्यनगर शाखा के खाते में जमा कर उसकी पावती प्रस्तुत करनी होगी। राशि निर्धारित समय में जमा नहीं करने पर और कठोर वैधानिक एवं अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विद्यार्थियों के शैक्षणिक हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले निजी विद्यालयों के विरुद्ध कार्रवाई जारी रहेगी।












