यूपी अब माफिया की नहीं, निवेश और रोजगार की पहचान : योगी
टेक्सटाइल कॉन्क्लेव में बोले सीएम- कानून का राज कायम, 5,354 करोड़ के निवेश प्रस्ताव मिले

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लखनऊ में यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव-2026 का उद्घाटन करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश की पहचान अब दंगा, माफिया और वसूली से नहीं, बल्कि निवेश, रोजगार और विकास से हो रही है। उन्होंने कहा कि अपराध और अपराधियों के खिलाफ सरकार की शून्य सहनशीलता की नीति जारी है।
योगी ने 2017 से पहले की कानून-व्यवस्था पर विपक्ष को घेरते हुए कहा कि उस समय प्रदेश में आए दिन दंगे होते थे और माफिया समानांतर व्यवस्था चलाते थे। उनके अनुसार पहले निवेशक कारोबार की उम्मीद लेकर आते थे, लेकिन अब सुरक्षित माहौल में उद्योग लगाने की स्थिति बनी है।
मुख्यमंत्री ने टेक्सटाइल क्षेत्र को प्रदेश की अर्थव्यवस्था और रोजगार का बड़ा आधार बताते हुए बनारस के रेशम, भदोही के कालीन और कानपुर के औद्योगिक आधार का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के 17 वस्त्र उत्पादों को जीआई पहचान मिल चुकी है और करीब पांच लाख बुनकर इस क्षेत्र से जुड़े हैं।
उन्होंने बताया कि टेक्सटाइल क्षेत्र में करीब 5,354 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव सामने आए हैं। संत कबीर टेक्सटाइल पार्क के तहत 10 पार्क विकसित किए जाने हैं, जिनमें पांच पर काम शुरू हो चुका है।
योगी ने कहा कि सरकार का लक्ष्य उत्तर प्रदेश को केवल उत्पादन केंद्र नहीं, बल्कि वैश्विक टेक्सटाइल हब बनाना है। इसके लिए फाइबर से तैयार उत्पाद और निर्यात तक पूरी मूल्य श्रृंखला विकसित की जाएगी।













