एनटीपीसी-विंध्याचल में 90वीं राजभाषा कार्यान्वयन समिति की तिमाही बैठक एवं विशिष्ट हिंदी व्याख्यान का सफल आयोजन

सिंगरौली- एनटीपीसी-विंध्याचल में दिनांक 22 सितंबर 2026 को अपराह्न 03:00 बजे से एस.एम.सी. सदस्यों एवं राजभाषा कार्य समिति के पदाधिकारियों/सदस्यों हेतु विशिष्ट हिंदी व्याख्यान का आयोजन किया गया। इसके साथ ही राजभाषा कार्य समिति की तिमाही बैठक (जुलाई-सितंबर 2026) भी संपन्न कराई गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ विशिष्ट व्याख्याता डॉ. राजेंद्र प्रसाद मिश्र, अपर निजी सचिव, भारत के राष्ट्रपति एवं पूर्व महाप्रबंधक(राजभाषा), एनटीपीसी लिमिटेड, राजभाषा विश्व हिंदी सचिवालय में पूर्व सचिव तथा अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय, वर्धा के पूर्व कुलपति का पुष्पगुच्छ एवं पुस्तक भेंट कर स्वागत के साथ हुआ। समस्त पदाधिकारियों एवं राजभाषा नोडल अधिकारियों का स्वागत मानव संसाधन प्रमुख श्रीमती रुमा दे शर्मा द्वारा किया गया, जबकि श्रीमती रुमा दे शर्मा का स्वागत अपर महाप्रबंधक (मानव संसाधन) श्रीमती मृणाली द्वारा किया गया।
स्वागत परंपरा के उपरांत श्रीमती कामना शर्मा, उप महाप्रबंधक (मानव संसाधन) द्वारा प्रस्तुतीकरण के माध्यम से पिछली तिमाही के दौरान राजभाषा अनुभाग द्वारा हिंदी के विकास एवं प्रचार-प्रसार हेतु निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति के संदर्भ में किए गए कार्यों एवं उपलब्धियों का विस्तृत ब्यौरा समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जिसकी समिति ने भूरि-भूरि प्रशंसा की और भविष्य में भी इसी प्रकार निरंतर कार्य करने हेतु प्रेरित किया। तत्पश्चात मानव संसाधन प्रमुख श्रीमती रुमा दे शर्मा ने अपने स्वागत संबोधन में आदरणीय डॉ. राजेंद्र प्रसाद मिश्र एवं समिति के समस्त पदाधिकारियों/सदस्यों का हार्दिक अभिनंदन किया। उन्होंने राजभाषा विभाग द्वारा किए जा रहे अथक प्रयासों की सराहना करते हुए डॉ. मिश्र के विंध्याचल आगमन पर प्रसन्नता व्यक्त की। बैठक के दौरान उपस्थित सभी पदाधिकारियों/सदस्यों को हिंदी साहित्य से जुड़ी हुई पुस्तकें भी प्रदान की गईं, जिसका सभी ने हर्ष के साथ स्वागत किया और इसे हिंदी के प्रति रुचि बढ़ाने की दिशा में एक सराहनीय पहल बताया।
इसके उपरांत अपने विशिष्ट व्याख्यान में डॉ. राजेंद्र प्रसाद मिश्र ने उपस्थित प्रतिभागियों को राजभाषा नीति, नियम, संवैधानिक प्रावधानों एवं अन्य महत्वपूर्ण जानकारियों से लाभान्वित कराया। उन्होंने संसदीय राजभाषा समिति (पार्लियामेंट्री कमेटी) तथा राजभाषा नीति के अनुपालन से संबंधित अत्यंत महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान किया।
बैठक के समापन अवसर पर परियोजना के महाप्रबंधक (प्रचालन एवं अनुरक्षण) तथा कार्यकारी अध्यक्ष, राजभाषा कार्यान्वयन समिति श्री एम. सुरेश ने समिति को संबोधित किया। उन्होंने राजभाषा विभाग द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। डॉ. मिश्र के स्वास्थ्य एवं ऊर्जा का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि 71 वर्ष की आयु में भी रात्रि 10:30 बजे तक इतनी सक्रियता से ज्ञान साझा करना हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत है, हम उनसे बहुत कुछ सीख सकते हैं।
उन्होंने राजभाषा हिंदी को मात्र एक भाषा न बताते हुए इसे आपस में जोड़ने वाली कड़ी बताया। उन्होंने कहा कि माननीय गृह मंत्री एवं अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक, एनटीपीसी द्वारा जारी संदेशों में लिए गए संकल्पों के अनुरूप हम सभी भी संकल्प लेंगे कि राजभाषा हिंदी के प्रयोग को अधिकाधिक बढ़ाएंगे तथा राजभाषा नीति के अनुपालन हेतु पूर्णतः प्रतिबद्ध रहेंगे। संपूर्ण बैठक अत्यंत सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई। बैठक का कुशल संचालन राजभाषा अधिकारी कल्याण सिंह द्वारा किया गया।












