कठौंदा में प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, फायर एनओसी नहीं मिलने पर 28 पटाखा दुकानें सील
कलेक्टर के निर्देश पर संयुक्त टीम का अभियान, सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई

जबलपुर। दीपावली के त्योहार से पहले जनसुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने जबलपुर के कठौंदा क्षेत्र में पटाखा दुकानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह के निर्देश पर चलाए गए अभियान के दौरान 28 स्थायी पटाखा दुकानों को सील कर दिया गया। प्रशासनिक कार्रवाई की प्रमुख वजह दुकानों में अग्नि सुरक्षा संबंधी अनापत्ति प्रमाण पत्र (फायर एनओसी) का उपलब्ध नहीं होना और निर्धारित सुरक्षा मानकों के पालन में कमियां सामने आना बताया गया है।
इस संयुक्त अभियान का नेतृत्व एसडीएम अधारताल मदन सिंह रघुवंशी ने किया। कार्रवाई में राजस्व विभाग, तहसील प्रशासन, नगर निगम और पुलिस की टीम शामिल रही। अधिकारियों ने दुकानों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जांच के दौरान आवश्यक अग्नि सुरक्षा इंतजामों और संबंधित दस्तावेजों की उपलब्धता की पड़ताल की गई।
फायर एनओसी नहीं मिलने पर कार्रवाई
प्रशासन के अनुसार, पटाखों के भंडारण और बिक्री के दौरान अग्नि सुरक्षा के नियमों का पालन करना अनिवार्य है। पटाखों जैसी ज्वलनशील और विस्फोटक सामग्री के कारोबार में किसी भी तरह की लापरवाही गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए जांच दल ने दुकानों में अग्नि सुरक्षा संबंधी प्रमाणपत्रों और आवश्यक उपकरणों की स्थिति का परीक्षण किया।
जांच के दौरान फायर एनओसी उपलब्ध नहीं होने सहित सुरक्षा व्यवस्थाओं से जुड़ी कमियां सामने आने पर संबंधित दुकानों के खिलाफ कार्रवाई की गई। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, कुल 28 स्थायी दुकानों के लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई करते हुए उन्हें सील किया गया।
राजस्व, नगर निगम और पुलिस की संयुक्त टीम रही मौजूद
एसडीएम मदन सिंह रघुवंशी के नेतृत्व में पहुंची संयुक्त टीम ने दुकानों को क्रमवार बंद कर सील लगाने की कार्रवाई पूरी की। मौके पर पुलिस बल की मौजूदगी में अभियान संचालित किया गया, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से पूरी हो सके।
प्रशासन की इस कार्रवाई से पटाखा कारोबारियों में हलचल देखी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़े नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा नियमों के पालन पर प्रशासन का जोर
दीपावली के दौरान पटाखों की मांग बढ़ने के साथ उनके सुरक्षित भंडारण और बिक्री की जिम्मेदारी भी बढ़ जाती है। ऐसे में दुकानदारों के लिए लाइसेंस की वैधता, अग्नि सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता और निर्धारित नियमों का पालन करना जरूरी है।
जिला प्रशासन ने संकेत दिया है कि पटाखा कारोबार से जुड़े प्रतिष्ठानों की जांच आगे भी की जा सकती है। सुरक्षा मानकों की अनदेखी पाए जाने पर संबंधित नियमों के तहत कार्रवाई होगी।
प्रशासन की इस कार्रवाई का उद्देश्य त्योहार के दौरान संभावित आगजनी और अन्य दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करना तथा आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।













