भारत में सक्रिय होने की फिराक में आतंकी संगठन एबीटी, खुफिया एजेंसियां अलर्ट
ऑनलाइन भर्ती और दुष्प्रचार के जरिए युवाओं को निशाना बनाने की कोशिश

नई दिल्ली। अल-कायदा से जुड़े आतंकी संगठन अंसारुल्लाह बांग्ला टीम (एबीटी) की गतिविधियों को लेकर भारतीय खुफिया एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। खुफिया सूत्रों के अनुसार, बांग्लादेश आधारित यह संगठन एक बार फिर सक्रिय होने की कोशिश कर रहा है और भारत में ऑनलाइन माध्यम से युवाओं को कट्टरपंथ की ओर आकर्षित करने का प्रयास कर रहा है।
अधिकारियों के मुताबिक एबीटी, अल-कायदा से जुड़े संगठन अंसार अल-इस्लाम (एएआई) का हिस्सा माना जाता है। फिलहाल यह संगठन जमीन पर ज्यादा सक्रिय नहीं दिख रहा, लेकिन सोशल मीडिया और इंटरनेट प्लेटफॉर्म के जरिए भर्ती अभियान तेज किए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि संगठन भारतीय युवाओं को निशाना बनाकर उन्हें कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित करने की कोशिश कर रहा है।
खुफिया एजेंसियों का कहना है कि एबीटी का मकसद पारंपरिक आतंकी हमलों की बजाय “लोन वुल्फ” मॉडल पर काम करना है, जिसमें कट्टरपंथी बनाए गए लोग स्वतंत्र रूप से टारगेट किलिंग जैसी घटनाओं को अंजाम दे सकते हैं। संगठन कथित रूप से धर्मनिरपेक्ष लेखकों, बुद्धिजीवियों और राजनीतिक वर्ग को निशाना बनाने की रणनीति पर काम कर रहा है।
सूत्रों के अनुसार एबीटी पाकिस्तान स्थित नेटवर्क के साथ भी संपर्क में है। इसके अलावा पश्चिम बंगाल समेत कुछ क्षेत्रों में दुष्प्रचार फैलाने, फर्जी तस्वीरें और झूठी कहानियां प्रसारित कर सामाजिक तनाव बढ़ाने की कोशिश की आशंका जताई गई है।खुफिया एजेंसियां फिलहाल संगठन की ऑनलाइन गतिविधियों और संभावित नेटवर्क पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।













