ब्रेकिंग न्यूज़मध्य प्रदेशसिंगरौली

एनटीए में बड़ा प्रशासनिक एक्शन: 47 अधिकारियों की सेवाएं समाप्त, परीक्षा व्यवस्था में होंगे व्यापक सुधार

 

नई दिल्ली। राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (एनटीए) की कार्यप्रणाली को लेकर देशभर में जारी छात्र आंदोलनों और परीक्षा प्रणाली पर उठ रहे सवालों के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। एजेंसी ने 47 अधिकारियों की सेवाएं समाप्त कर दी हैं। इस कार्रवाई को परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और विश्वसनीयता बढ़ाने की दिशा में अहम पहल माना जा रहा है।

सरकारी सूत्रों के अनुसार यह निर्णय एनटीए में व्यापक सुधार अभियान के तहत लिया गया है। हाल के वर्षों में पेपर लीक और परीक्षा संचालन से जुड़े विवादों के कारण एजेंसी लगातार आलोचनाओं के घेरे में रही है। ऐसे में सरकार परीक्षा व्यवस्था को अधिक सुरक्षित और निष्पक्ष बनाने के लिए संस्थागत स्तर पर बदलाव कर रही है।

जानकारी के मुताबिक, सेवाएं समाप्त किए गए अधिकारियों के अलावा कुछ मामलों में कानूनी और आपराधिक कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी। जिन अधिकारियों पर गंभीर अनियमितताओं या अन्य आरोपों की पुष्टि होगी, उनके खिलाफ नियमानुसार विधिक कार्रवाई की जाएगी।

22 जुलाई को शिक्षा मंत्रालय ने लोकसभा में एनटीए की वर्तमान स्थिति से जुड़े आंकड़े भी साझा किए थे। मंत्रालय के अनुसार एजेंसी में स्वीकृत 39 स्थायी पदों के मुकाबले केवल 24 नियमित कर्मचारी कार्यरत हैं। वहीं, कार्य संचालन के लिए 73 संविदा कर्मचारियों और 124 आउटसोर्स कर्मियों पर निर्भरता बनी हुई है।

एनटीए की संरचना और संसाधनों से जुड़े इन आंकड़ों ने भी एजेंसी की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। माना जा रहा है कि सरकार परीक्षा सुधारों के साथ-साथ संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने के लिए भी आगे और कदम उठाएगी। छात्र आंदोलनों के बीच हुई यह कार्रवाई परीक्षा प्रणाली में भरोसा बहाल करने और भविष्य में अधिक पारदर्शी व्यवस्था स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Author

Related Articles

Back to top button