न्यायालय परिसर में नाबालिग युवक-युवती को लेकर हंगामा, पुलिस ने दोनों को सौंपा परिजनों के हवाले

सिंगरौली। जिला न्यायालय परिसर में बुधवार को उस समय हंगामा हो गया, जब एक युवक-युवती को लेकर बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद सहित अन्य सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। संगठनों के कार्यकर्ताओं ने दोनों को अधिवक्ताओं के चेंबर से पकड़कर कोतवाली पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस के अनुसार दोनों नाबालिग हैं और उत्तर प्रदेश के सोनभद्र क्षेत्र से संबंधित बताए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार युवती उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के बीना क्षेत्र की रहने वाली है, जबकि युवक सिंगरौली जिले के बैढ़न क्षेत्र का निवासी बताया गया। दोनों न्यायालय परिसर में अधिवक्ता अजीम खान के चेंबर में पहुंचे थे, जहां उनके विवाह संबंधी दस्तावेजी प्रक्रिया चलने की बात सामने आई। इसी दौरान मामले की जानकारी मिलने पर कुछ संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और विरोध जताते हुए दोनों को पुलिस के सुपुर्द कर दिया।
संगठनों के पदाधिकारियों ने अधिवक्ता अजीम खान और शपथ आयुक्त पारसनाथ शाह की भूमिका पर सवाल उठाते हुए मामले की जांच की मांग की। उनका आरोप है कि नाबालिग होने के बावजूद विवाह संबंधी प्रक्रिया कराई जा रही थी।
इधर, नगर पुलिस अधीक्षक ललित बैरागी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सिंगरौली क्षेत्र में किसी अपराध की पुष्टि नहीं हुई है। दोनों के नाबालिग होने की जानकारी सामने आने के बाद उन्हें संबंधित क्षेत्र की पुलिस को सौंप दिया गया है। उन्होंने बताया कि अभी तक मामले में कोई औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। आगे की कार्रवाई संबंधित थाना क्षेत्र की पुलिस द्वारा की जाएगी।वहीं सामाजिक संगठनों ने मामले में निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। इस घटनाक्रम के बाद न्यायालय परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।













