राष्ट्रीय सुरक्षा में योगदान के लिए अजीत डोभाल को मिला लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार

पुणे। महाराष्ट्र के पुणे में आयोजित समारोह में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल को प्रतिष्ठित लोकमान्य तिलक नेशनल अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उन्हें यह सम्मान प्रदान किया। देश की आंतरिक और बाहरी सुरक्षा को मजबूत करने में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें यह पुरस्कार दिया गया।
समारोह में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार, लोकमान्य तिलक ट्रस्ट के ट्रस्टी रोहित तिलक सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। उपस्थित अतिथियों ने अजीत डोभाल की राष्ट्रीय सुरक्षा के क्षेत्र में भूमिका की सराहना की।
81 वर्षीय अजीत डोभाल देश के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों में शामिल हैं। उन्होंने अपने कार्यकाल में मिजोरम, सिक्किम, पंजाब और जम्मू-कश्मीर जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं। वे भारत-चीन सीमा वार्ता के लिए विशेष प्रतिनिधि भी रह चुके हैं।
डोभाल की रणनीतिक भूमिका को आतंकवाद विरोधी अभियानों, राष्ट्रीय सुरक्षा नीतियों और वर्ष 2017 के डोकलाम विवाद के समाधान में भी महत्वपूर्ण माना जाता है।
लोकमान्य तिलक पुरस्कार की शुरुआत वर्ष 1983 में महाराष्ट्र मंडल, पुणे द्वारा की गई थी। यह सम्मान हर वर्ष 1 अगस्त को लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की पुण्यतिथि पर राष्ट्र सेवा, विकास और सामाजिक योगदान के लिए प्रदान किया जाता है। इससे पहले यह पुरस्कार कई प्रमुख हस्तियों को दिया जा चुका है।













