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एमपी भाजपा के वरिष्ठ नेता पारस चंद्र जैन का निधन, 76 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सांस

 

उज्जैन। मध्यप्रदेश भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री पारस चंद्र जैन का सोमवार को निधन हो गया। वह 76 वर्ष के थे। लंबे समय से बीमार चल रहे पारस चंद्र जैन का इंदौर के निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था, जहां उपचार के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से प्रदेश की राजनीति में शोक की लहर दौड़ गई है।

पारस चंद्र जैन के निधन की जानकारी उज्जैन जिला भाजपा मीडिया प्रभारी दिनेश जाटवा और उनके निजी सहायक शुभम माली ने दी। उनका अंतिम संस्कार उज्जैन में किया जाएगा। अंतिम यात्रा सोमवार दोपहर 2 बजे उनके निवास स्थान से चक्रतीर्थ श्मशान घाट के लिए निकाली जाएगी।

छह बार रहे उज्जैन उत्तर से विधायक

पारस चंद्र जैन का जन्म 20 जून 1950 को उज्जैन में हुआ था। वह लंबे समय तक मध्यप्रदेश की राजनीति में सक्रिय रहे। उन्होंने उज्जैन उत्तर विधानसभा क्षेत्र का छह बार प्रतिनिधित्व किया। वर्ष 1990 में पहली बार विधायक बनने के बाद उन्होंने 1993, 2003, 2008, 2013 और 2018 में चुनाव जीतकर क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। वर्ष 1998 में उन्हें चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था। वर्ष 2023 में पार्टी ने उन्हें विधानसभा चुनाव का टिकट नहीं दिया था।

कई महत्वपूर्ण विभागों की संभाली जिम्मेदारी

पारस चंद्र जैन मध्यप्रदेश भाजपा सरकार में कई अहम जिम्मेदारियां निभा चुके थे। वर्ष 2005 से 2013 तक वह राज्य मंत्री के रूप में वन विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा उपभोक्ता संरक्षण जैसे विभागों से जुड़े रहे। इसके बाद दिसंबर 2013 में उन्हें स्कूल शिक्षा विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया गया और वर्ष 2016 में ऊर्जा मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई।

‘पहलवान’ के नाम से थी पहचान

राजनीतिक जीवन के साथ-साथ पारस चंद्र जैन अपनी फिटनेस और खेल प्रेम के लिए भी जाने जाते थे। व्यायाम, योग और कुश्ती में उनकी रुचि के कारण उन्हें लोग सम्मान से ‘पहलवान’ के नाम से पुकारते थे। अखाड़े से उनका जुड़ाव लंबे समय तक रहा।

उनके निधन पर भाजपा नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि पारस चंद्र जैन ने अपने लंबे राजनीतिक सफर में संगठन और जनसेवा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके निधन को भाजपा के लिए बड़ी क्षति बताया जा रहा है।

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