बाघाडीह में नशे के कारोबार पर बरगवां पुलिस का शिकंजा, 5.60 लाख की हेरोइन के साथ महिला गिरफ्तार
घर के पास मादक पदार्थ बेचने की मिली थी सूचना, पुलिस ने दबिश देकर 56 ग्राम ब्राउन शुगर की जब्त; एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज

सिंगरौली- जिले में अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बरगवां पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी महिला के कब्जे से 56 ग्राम हेरोइन (ब्राउन शुगर) बरामद की है, जिसकी अनुमानित कीमत 5 लाख 60 हजार रुपये बताई गई है। पुलिस के मुताबिक महिला अपने घर के पास मादक पदार्थ की बिक्री कर रही थी। जब्त मादक पदार्थ के आधार पर आरोपी के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने दी दबिश
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 4 नवंबर को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम बाघाडीह के कजरदह टोला में एक महिला अपने घर के पास ब्राउन शुगर बेच रही है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए बरगवां थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पटेल ने पुलिस टीम गठित कर तत्काल मौके पर दबिश दी। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने रामबाई बसोर (35 वर्ष) पिता धर्मेंद्र बसोर के कब्जे से 56 ग्राम हेरोइन बरामद की। पुलिस ने जब्त मादक पदार्थ की कीमत 5 लाख 60 हजार रुपये आंकी है। आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 775/26, धारा 8/21 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया है।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
जिले में नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस महानिरीक्षक रीवा जोन गौरव राजपूत एवं पुलिस उपमहानिरीक्षक रीवा रेंज हेमंत सिंह चौहान के निर्देश पर अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक षियाज के.एम. एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सर्वप्रिय सिन्हा के निर्देशन में जिलेभर में मादक पदार्थों की तस्करी और बिक्री के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है।
इसी क्रम में एसडीओपी मोरवा अमित कुमार के मार्गदर्शन तथा बरगवां थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पटेल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर यह कार्रवाई की।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार पटेल, निरीक्षक सूरज सिंह, उपनिरीक्षक प्रियंका सिंह बघेल, सहायक उपनिरीक्षक वीरेंद्र त्रिपाठी, प्रधान आरक्षक शिवराज सिंह तोमर, नंदकिशोर बागरी, अरविंद यादव, महेश पटेल एवं महिला आरक्षक कीर्ति कुशवाहा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।













