मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से लिया संन्यास, 64 मैचों में 229 विकेट लेकर बनाया खास मुकाम

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने शुक्रवार को टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा कर दी। सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा करते हुए उन्होंने अपने 13 साल के टेस्ट करियर को अलविदा कहा। शमी के इस फैसले के साथ भारतीय टेस्ट क्रिकेट में उनके शानदार सफर का एक महत्वपूर्ण अध्याय समाप्त हो गया।
शमी ने अपने संदेश में कहा कि जब पहली बार भारत की टेस्ट जर्सी पहनी थी, तब देश के लिए कुछ खास करने का सपना देखा था। टेस्ट क्रिकेट उनके लिए केवल खेल नहीं, बल्कि जीवन का अहम हिस्सा रहा। उन्होंने अपने करियर के संघर्ष, चोटों, वापसी और मैदान पर बिताए यादगार पलों को साझा करते हुए भारतीय टीम के साथियों, कोच, परिवार और प्रशंसकों का आभार जताया।
उन्होंने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) और क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल का भी धन्यवाद किया। शमी ने कहा कि इन संस्थाओं ने उनकी प्रतिभा पर भरोसा जताया और आगे बढ़ने के अवसर दिए। उन्होंने भावुक अंदाज में कहा कि टेस्ट क्रिकेट में भले ही उनकी आखिरी गेंद फेंकी जा चुकी है, लेकिन भारत के लिए खेलने का गर्व हमेशा उनके साथ रहेगा।
64 टेस्ट में 229 विकेट का रिकॉर्ड
मोहम्मद शमी ने नवंबर 2013 में कोलकाता के ईडन गार्डन्स में वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट पदार्पण किया था। उन्होंने 64 टेस्ट मैचों में 27.71 की औसत से 229 विकेट हासिल किए। इस दौरान 6 बार एक पारी में 5 या उससे अधिक विकेट लेने का कारनामा किया। उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 56 रन देकर 6 विकेट रहा।
तेज रफ्तार, रिवर्स स्विंग और पुरानी गेंद से प्रभावी गेंदबाजी शमी की पहचान रही। ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसी परिस्थितियों में भी उन्होंने कई यादगार प्रदर्शन किए। जसप्रीत बुमराह के साथ उनकी जोड़ी ने भारतीय गेंदबाजी को मजबूती दी। चोटों से उबरकर वापसी करने का उनका संघर्ष भी क्रिकेट प्रशंसकों को लंबे समय तक याद रहेगा।













