शादी के नाम पर ठगी: भाई बनकर कराया कन्यादान, निकला दुल्हन का असली पति

जबलपुर। मध्यप्रदेश के ग्वालियर में शादी के नाम पर ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। जबलपुर के एक निजी अस्पताल में कार्यरत युवक को गरीब लड़की बताकर जिस युवती से शादी कराई गई, वह पहले से शादीशुदा निकली। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि शादी में भाई बनकर कन्यादान कराने वाला व्यक्ति ही युवती का असली पति निकला। मामले में पुलिस ने लुटेरी दुल्हन समेत सात लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक षड्यंत्र का प्रकरण दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार नाका चंद्रवदनी निवासी 35 वर्षीय रतन शर्मा जबलपुर के एक निजी अस्पताल के इमरजेंसी विभाग में टीम लीडर हैं। परिवार उनके लिए रिश्ता तलाश रहा था। इसी दौरान पड़ोसी सोनू तिवारी ने अपने परिचित सोनू उर्फ अजय चौहान की कथित मुंहबोली बहन राधा उर्फ दीक्षा मुद्गल का रिश्ता बताया। फोटो पसंद आने के बाद दोनों परिवारों में बातचीत हुई और शादी तय कर दी गई।
27 अप्रैल 2026 को गोदभराई की रस्म हुई, जबकि 7 मई को ग्वालियर के सुखसागर होटल में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह संपन्न कराया गया। शादी में करीब सात लाख रुपये खर्च किए गए। आरोपी पक्ष के लोगों ने लड़की के परिजनों की भूमिका निभाते हुए सभी रस्में निभाईं।
शादी के बाद दुल्हन के मोबाइल की व्हाट्सऐप चैट से पूरे मामले का खुलासा हुआ। जांच में सामने आया कि सोनू उर्फ अजय चौहान, जो शादी में भाई बना हुआ था, वही युवती का असली पति है। दोनों ने वर्ष 2024 में आगरा के आर्य समाज मंदिर में प्रेम विवाह किया था।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि गिरोह शादी के बहाने जेवर और नकदी हड़पने की योजना बना रहा था। फिलहाल पुलिस ने सात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।













