ओडिशा में ऐतिहासिक ऐलान: केजी से पीजी तक शिक्षा बिल्कुल मुफ्त, 3.28 करोड़ लोगों को मिलेगा दोगुना राशन

भुवनेश्वर: ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने राज्य के विकास और जनकल्याण के लिए कई ऐतिहासिक घोषणाएं की हैं। सरकार ने राज्य के सरकारी शिक्षण संस्थानों में किंडरगार्टन (केजी) से लेकर स्नातकोत्तर (पीजी) स्तर तक की शिक्षा को पूरी तरह निशुल्क करने का फैसला किया है। इस महत्वाकांक्षी पहल के साथ ओडिशा देश का पहला ऐसा राज्य बनने जा रहा है, जहां प्रारंभिक शिक्षा से लेकर उच्च शिक्षा तक विद्यार्थियों को कोई शुल्क नहीं देना होगा।
मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए उच्च शिक्षा की राह आसान बनाना है। इसके साथ ही शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए अगले तीन वर्षों में 45,000 नए शिक्षकों की भर्ती की जाएगी और हर पंचायत में ‘गोदाबरिश मिश्रा आदर्श प्राथमिक विद्यालय’ स्थापित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री अन्नपूर्णा योजना की शुरुआत:
खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री ने ‘मुख्यमंत्री अन्नपूर्णा योजना’ का ऐलान किया। इसके तहत अब राष्ट्रीय और राज्य खाद्य सुरक्षा के लाभार्थियों को हर महीने 5 किलोग्राम अतिरिक्त चावल मुफ्त दिया जाएगा। यानी अब हर पात्र व्यक्ति को कुल 10 किलोग्राम मुफ्त राशन मिलेगा। इससे राज्य की 80% आबादी (3.28 करोड़ लोग) लाभान्वित होगी, जिस पर सरकार सालाना 8,813 करोड़ रुपये खर्च करेगी।
महिला सशक्तीकरण और कानून व्यवस्था में सुधार
मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘सुभद्रा योजना’ के तहत पिछले दो वर्षों में 1 करोड़ से अधिक महिलाओं को 20,600 करोड़ रुपये की सहायता दी गई है, जिससे राज्य में 23.5 लाख महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं। इसके अलावा, राज्य को पूरी तरह माओवादी हिंसा से मुक्त कराने का दावा करते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं के खिलाफ अपराधों में सजा दिलाने की दर 6.7% से बढ़कर अब 62% हो चुकी है, जिसे और सुदृढ़ करने के लिए पुलिस विभाग में 21,000 नए पद सृजित किए गए हैं।













