13 जुलाई से शुरू होगा दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान का तीसरा चरण, घर-घर पहुंचेंगे पशुपालन विभाग के दल
पशुपालकों को नस्ल सुधार, कृत्रिम गर्भाधान, संतुलित आहार और पशु स्वास्थ्य प्रबंधन की दी जाएगी जानकारी

सिंगरौली। जिले में पशुपालकों की आय बढ़ाने और दुग्ध उत्पादन में वृद्धि के उद्देश्य से 13 से 18 जुलाई 2026 तक दुग्ध समृद्धि संपर्क अभियान का तृतीय चरण चलाया जाएगा। अभियान के तहत पशुपालन विभाग की टीमें घर-घर पहुंचकर पशुपालकों से संवाद करेंगी और उन्हें वैज्ञानिक पशुपालन की आधुनिक तकनीकों की जानकारी देंगी।
अभियान के सफल संचालन के लिए 10 जुलाई को कृषि विज्ञान केंद्र, सिंगरौली में सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारियों, मैत्री कार्यकर्ताओं, गौसेवकों एवं पशुसखियों को जिला स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा चुका है। मैदानी अमले को विशेष रूप से उन पशुपालकों से संपर्क करने के निर्देश दिए गए हैं, जिनके पास तीन से चार गौवंश अथवा भैंसवंश हैं।
अभियान के दौरान पशुपालकों को नस्ल सुधार, कृत्रिम गर्भाधान, संतुलित पशु आहार, पशु स्वास्थ्य प्रबंधन एवं रोगों की रोकथाम के संबंध में जागरूक किया जाएगा। साथ ही गौरस ऐप, क्षीर धारा ग्राम योजना और गौपालक दीदी योजना जैसी विभागीय योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी।
प्रत्येक पशुपालक से संपर्क के बाद संबंधित जानकारी विभाग के दुग्ध संपर्क अभियान ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज की जाएगी। इसकी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए जिला पंचायत, पशुपालन एवं डेयरी विभाग, राजस्व विभाग तथा नोडल अधिकारियों की टीम द्वारा भौतिक सत्यापन भी किया जाएगा।
कलेक्टर गौरव बैनल ने अधिकारियों को ग्रामवार एवं तिथिवार कार्ययोजना के अनुसार अभियान का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अभियान को निर्धारित समय-सीमा में शत-प्रतिशत पूरा कर जिले में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और पशुपालकों की आय में वृद्धि के लक्ष्य को सफल बनाया जाए।













