बैढ़न में कल होगा फैजाने ताजुश-शरीया कॉन्फ्रेंस, सात हाफिज छात्रों की होगी जश्ने दस्तारबंदी

सिंगरौली: मुख्यालय बैढ़न स्थित मदरसा जामिया नूरिया अहले सुन्नत में शनिवार 7 फरवरी को एक दिवसीय फैजाने ताजुश-शरीया कॉन्फ्रेंस एवं जश्ने दस्तारबंदी जलसे का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम को लेकर मदरसा परिसर में व्यापक तैयारियां जारी हैं।
मदरसा जामिया नूरिया के प्रवक्ता नौजवान खतीब हजरत अल्लामा मौलाना गुलाम मुरसलीन साहब ने बताया कि जामिया नूरिया ग्राउंड में आयोजित होने वाले इस जलसे में हिफ्जे कुरआन का कोर्स पूरा करने वाले सात छात्रों को दस्तारबंदी कर सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मदरसे के विद्यार्थियों ने कड़ी मेहनत और लगन से इस मुकाम को हासिल किया है।
मदरसे में पूर्व माध्यमिक शिक्षा के अंतर्गत अंग्रेजी, गणित, विज्ञान और कंप्यूटर सहित अन्य विषयों की पढ़ाई कराई जाती है। साथ ही उर्दू, अरबी, फारसी और हाफिज, कारी व मौलवी की धार्मिक शिक्षा भी दी जाती है। यह मदरसा मध्यप्रदेश मदरसा बोर्ड के नियमों के तहत कई दशकों से संचालित हो रहा है। मदरसे की सरपरस्ती शहर काजी वरिष्ठ अल्लामा मौलाना मंजूर अहमद साहब कर रहे हैं, जबकि संचालन की जिम्मेदारी प्रिंसिपल मौलाना साजिद हुसैन रजा मिस्बाही निभा रहे हैं।
सात छात्रों की होगी ताजपोशी
इस वर्ष हिफ्जे कुरआन पूरा करने वाले छात्रों में हाफिज अहमद रजा, हाफिज सैफ रजा, हाफिज मुनाजिर, हाफिज मोहम्मद इश्तियाक, हाफिज आरिफ रजा, हाफिज गुलबहार और हाफिज मुख्तार आलम शामिल हैं। मदरसे के शिक्षकों हाफिज मुनिरुद्दीन, हाफिज किताबुद्दीन, हाफिज सलीम अहमद सहित सभी शिक्षकों ने छात्रों को बधाई दी है।
बाद नमाज-ए-इशा होगा जलसा
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में हजरत अल्लामा मौलाना सैय्यद मोहम्मद रुस्तम अली साहब (बांदा, उत्तर प्रदेश) और मौलाना मुफ्ती नईमुद्दीन साहब काजी शहर जबलपुर शामिल होंगे। जलसे की सदारत शहर काजी मौलाना मंजूर अहमद साहब करेंगे। कार्यक्रम की कयादत मौलाना हाफिज कारी मुश्ताक अहमद साहब करेंगे, जबकि नकाबत आसिफ जीलानी करेंगे।
जलसे में विभिन्न राज्यों से आए उलेमा, शायर, कारी और मद्दाह-ए-नबी सहित बड़ी संख्या में धर्मगुरु और गणमान्य लोग शामिल होंगे। समाजसेवियों एवं अंजुमन कमेटी के पदाधिकारियों ने सभी छात्रों को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।













