सिंगरौली में ‘जन चौपाल’ का सफल आयोजन
सिंगरौली पुलिस ने किया सीधा संवाद, समस्याओं का त्वरित समाधान

सिंगरौली। सिंगरौली जिले में पुलिस और आमजन के बीच संवाद को मजबूत बनाने के उद्देश्य से “जन चौपाल” कार्यक्रम का व्यापक आयोजन किया गया। यह पहल रीवा जोन के पुलिस महानिरीक्षक गौरव राजपूत एवं पुलिस उप महानिरीक्षक हेमंत चौहान के निर्देशन में संपन्न हुई।
कार्यक्रम का संचालन पुलिस अधीक्षक मनीष खत्री, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गायत्री तिवारी तथा नगर पुलिस अधीक्षक उमेश प्रजापति के मार्गदर्शन में 28 अप्रैल 2026 को शाम 4 बजे से 6 बजे तक जिले के सभी थाना एवं चौकी स्तर पर किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन की समस्याओं को सीधे सुनकर उनका त्वरित और विधिसम्मत समाधान करना रहा। व्यापक प्रचार-प्रसार के कारण बड़ी संख्या में नागरिक जन चौपाल में शामिल हुए और अपनी समस्याएं, सुझाव व शिकायतें पुलिस के समक्ष रखीं।
विंध्यनगर में एसपी की सहभागिता
एसपी मनीष खत्री ने विंध्यनगर के सेक्टर-02 स्थित सामुदायिक भवन में आयोजित जन चौपाल में भाग लेकर नागरिकों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि महिला सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और अपराध नियंत्रण जैसे लक्ष्य जनसहयोग से ही प्रभावी रूप से हासिल किए जा सकते हैं।उन्होंने बताया कि शिकायतों के निराकरण के लिए अलग रजिस्टर तैयार किया गया है, जिसमें प्राप्त प्रकरणों पर जांच कर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। साथ ही जन चौपाल से मिले सुझावों के आधार पर पुलिस अपनी कार्यप्रणाली में आवश्यक बदलाव करेगी।
महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूकता
कार्यक्रम के दौरान अपराध नियंत्रण, यातायात नियमों का पालन, महिला सुरक्षा, साइबर अपराध से बचाव और नशा मुक्ति जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अपराध की सूचना तुरंत दें और अपनी पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए पुलिस ने हेल्पलाइन 1091 और आपातकालीन नंबर 112 की जानकारी दी। वहीं साइबर फ्रॉड से बचाव के लिए 1930 हेल्पलाइन का उपयोग करने की सलाह दी गई।
जिलेभर में हुआ आयोजन
जन चौपाल का आयोजन बैढ़न, विन्ध्यनगर, मोरवा, बरगवां, माड़ा, चितरंगी, सरई, गढ़वा सहित सभी थाना व चौकी क्षेत्रों में किया गया, जहां सैकड़ों की संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर अपनी समस्याएं रखीं।
सिंगरौली पुलिस ने आश्वस्त किया कि “जन चौपाल—आपकी पुलिस आपके द्वार” पहल के तहत भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जाएंगे, जिससे पुलिस और जनता के बीच विश्वास और संवाद को और मजबूत किया जा सके।













