त्योहारों में मनमाना हवाई किराया वसूला तो एयरलाइंस पर कार्रवाई, सुप्रीम कोर्ट सख्त
कोर्ट ने कहा- नियमों का पालन नहीं करने वाली कंपनियों की उड़ानों पर लगाई जा सकती है रोक, केंद्र ने पेश किया नए नियमों का मसौदा

नई दिल्ली, 18 अगस्त। त्योहारों और छुट्टियों के दौरान हवाई टिकटों के बढ़ते किराए को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने कहा कि यदि विमानन कंपनियां निर्धारित नियमों का पालन नहीं करती हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सकती है, यहां तक कि उड़ानों पर रोक लगाने का कदम भी उठाया जा सकता है।
जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने सुनवाई के दौरान हवाई किराए और यात्रियों से लिए जाने वाले अतिरिक्त शुल्क की व्यवस्था पर चिंता जताई। अदालत ने कहा कि यात्रियों के हितों की रक्षा के लिए बनाए गए नियमों का प्रभावी पालन भी जरूरी है।
केंद्र ने सीलबंद लिफाफे में सौंपा मसौदा
केंद्र सरकार की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अनिल कौशिक ने अदालत को बताया कि हवाई किराए और शुल्क से संबंधित नए नियम तैयार किए जा रहे हैं। सरकार ने प्रस्तावित नियमों का मसौदा सीलबंद लिफाफे में अदालत को सौंपते हुए अंतिम रूप देने के लिए तीन सप्ताह का समय मांगा।
यह मामला सामाजिक कार्यकर्ता एस. लक्ष्मी नारायणन की जनहित याचिका से जुड़ा है। याचिका में निजी एयरलाइंस पर मनमाना किराया और अतिरिक्त शुल्क वसूलने का आरोप लगाया गया है।
अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 7 सितंबर की तारीख तय की है। उस दिन केंद्र सरकार नए नियमों की अंतिम रूपरेखा अदालत के समक्ष रख सकती है।













