सीधी
मुख्यमंत्री का दौरा बना छलावा, जुमले और झूठी घोषणाओं का तमाशा : ज्ञान…

मुख्यमंत्री का दौरा बना छलावा, जुमले और झूठी घोषणाओं का तमाशा : ज्ञान…
कांग्रेस ने कहा सीधी को फिर ठगा गया…
सीधी
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री का सीधी जिले में तीन बार आगमन निरस्त होना और चौथी बार आकर भी जिले को कुछ बड़ा न देकर लौट जाना यह साबित करता है कि भाजपा सरकार की नजर में सीधी सिर्फ एक राजनीतिक पड़ाव है, विकास की ज़मीन नहीं। यह दौरा नहीं, बल्कि सीधी की जनता के साथ खुला धोखा और विश्वासघात है।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ज्ञान सिंह ने मुख्यमंत्री के दौरे पर तीखा और आक्रामक हमला बोलते हुए कहा कि मुख्यमंत्री पूरे लाव-लश्कर के साथ आए, मंच सजा, भाषण दिए गए, लेकिन सीधी के हिस्से में सिर्फ हवा-हवाई घोषणाएं और खोखले वादे आए। यह दौरा नहीं, बल्कि जनता की उम्मीदों पर कुठाराघात था।
ज्ञान सिंह ने कहा कि सीधी में मेडिकल कॉलेज के निर्माण पर मुख्यमंत्री ने एक शब्द भी नहीं बोला और अस्पताल आज भी अव्यवस्था,संसाधनों की कमी और बदहाल संरचना का शिकार है। मरीज इलाज के अभाव में दम तोड़ रहे हैं या रीवा-प्रयागराज रेफर हो रहे हैं, लेकिन मुख्यमंत्री को न अस्पताल की चिंता है, न डॉक्टरों, न मशीनों और न भवन विकास की। स्वास्थ्य पर मुख्यमंत्री के मुख्य से एक शब्द नहीं निकला क्योंकि भाजपा सरकार के लिए गरीब की जान की कोई कीमत नहीं।
उन्होंने आगे कहा कि सीधी सिंगरौली सड़क, जो पूरे अंचल की आर्थिक और औद्योगिक जीवनरेखा है, आज भी गड्ढों में तब्दील है। दुर्घटनाएं हो रही हैं, व्यापार चौपट है, लेकिन मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर पूरी तरह मौन रहे।
यह मौन नहीं, बल्कि सीधी की पीड़ा के प्रति सरकार की संवेदनहीनता है। दूरस्थ अंचलों में पेयजल संकट, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की बदहाली, डॉक्टरों की भारी कमी और मूलभूत सुविधाओं के अभाव पर भी मुख्यमंत्री ने आंखें मूंद लीं।
ज्ञान सिंह ने कहा कि जहां लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं, वहां मुख्यमंत्री को केवल भाषण सूझते हैं। जिले के युवाओं के भविष्य को लेकर भी सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई। न तो नए शिक्षण संस्थानों की घोषणा, न औद्योगिक इकाइयों की स्थापना की कोई योजना। युवा बेरोजगार हैं, पलायन कर रहे हैं और मुख्यमंत्री सिर्फ मंच से भाषण देकर चले जाते हैं यह विकास नहीं, यह धोखा है।
कांग्रेस जिला अध्यक्ष अध्यक्ष ज्ञान सिंह ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री का यह दौरा विकास के नाम पर राजनीतिक नौटंकी बनकर रह गया। तीन बार दौरा रद्द कर जनता की उपेक्षा की गई और चौथी बार आकर भी सीधी को खाली हाथ लौटा दिया गया। यह भाजपा सरकार का असली चेहरा है। अंत में उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सीधी के साथ यह सौतेला व्यवहार बंद नहीं हुआ, तो कांग्रेस सड़कों पर उतरकर जन आंदोलन करेगी। सीधी अब जुमलों से नहीं चलेगी। जनता सब देख रही है और आने वाला समय इस अहंकारी और निकम्मी सरकार को करारा जवाब देगा।













